पलपल इंडिया प्रतिनिधि,छतरपुर। छतरपुर जिला अस्पताल में इलाज न मिलने के कारण एक युवक की तड़प-तड़पकर दर्दनाक मौत हो गई। युवक के स्वजनों ने अस्पताल प्रवंधन पर इलाज के नाम पर रुपये मांगे जाने का आरोप लगाया है। युवक की मौत के बाद गुस्साए स्वजनों ने सुबह डाकखाने चौराहे की सड़क पर जाम लगा दिया। जाम लगने के बाद छतरपुर एसडीएम अखिल राठौर, सिटी कोतवाली थाना प्रभारी अरविंद कुजूर, सिविल लाइन थाना प्रभारी वाल्मीक चौबे मौके पर पहुंचे और स्वजनों को समझाइश दी गई।
वहीँ मृतक के स्वजनों ने इलाज के नाम पर रुपये मांगे जाने का आरोप लगाया है। परिजनों ने बताया कि शुक्रवार की रात करीब रात 8 बजे देवगांव के पास रामघाट का मेला करके बाइक से वापस लौट रहे संजय दत्त आदिवासी की बाइक में एक चार पहिया वाहन ने टक्कर मार दी थी। जिसके बाद संजय दत्त आदिवासी सहित उसके दोनों बच्चे और पत्नी घायल हो गए थे। घायलों को एंबुलेंस के माध्यम से रात 8:30 बजे जिला अस्पताल लाया गया जहां पर नाइट ड्यूटी में कोई भी डॉक्टर मौजूद नहीं था।
जिला अस्पताल में डॉक्टर ना होने के कारण संजय दत्त आदिवासी की तड़प-तड़पकर मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि रात 8:30 बजे से वह जिला अस्पताल में डॉक्टर के लिए इधर से उधर भटकते रहे, लेकिन किसी ने उनकी एक नहीं सुनी। रात 3:30 बजे घायल संजय दत्त आदिवासी की मौत हो गई।