पलपल इंडिया प्रतिनिधि। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को मथुरा पहुंचे यहां उन्होंने सभा को सम्बोधित करते हुए कहा की उत्तर प्रदेश का सौभाग्य है कि यहां काशी, अयोध्या और मथुरा, ये तीनों तीर्थ स्थल हैं। ये तीनों धार्मिक स्थल सनातन एकता का प्रतीक के रूप में मौजूद हैं। बरसाना में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने श्री लाडली जी महाराज मंदिर में दर्शन-पूजन किया और फूलों एवं लड्डूमार होली के जरिए रंगोत्सव की शुरुआत की।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को कहा कि काशी और अयोध्या के कायाकल्प के बाद अब मथुरा और ब्रज भूमि के विकास का समय आ गया है। योगी ने आश्वासन दिया कि मथुरा, वृंदावन, बरसाना, गोकुल, नंदगांव, गोवर्धन और बलदेव सहित ब्रज क्षेत्र में अयोध्या, वाराणसी और प्रयागराज के परिवर्तन के समान तेजी से विकास होगा
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘उत्तर प्रदेश का सौभाग्य है कि यहां काशी, अयोध्या और मथुरा, ये तीनों तीर्थ स्थल सनातन एकता का प्रतीक के रूप में मौजूद हैं।’ उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विरासत और विकास की नई परंपरा स्थापित हुई है, जिसका परिणाम हाल ही में संपन्न प्रयागराज महाकुंभ के भव्य आयोजन के रूप में देखने को मिला।
उन्होंने कहा, ‘जो जितना सनातन धर्म के खिलाफ बोलता था, अफवाह फैलाता था और तर्कहीन बातें करता था, उन्हें सनातन धर्मावलंबियों ने महाकुम्भ के जरिए करारा जवाब दिया है। महाकुम्भ सनातन धर्म का दुर्लभतम क्षण बन गया है।’
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘इस बार के बजट में ब्रज भूमि के विकास के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि करोड़ों की योजनाओं के साथ बरसाना को विकास से जोड़ा जा रहा है। पहली बार बरसाना में रोपवे की सुविधा शुरू हुई है।’
उन्होंने कहा कि महाकुम्भ सकुशल सम्पन्न होने के बाद अब फुरसत मिली है। काशी, अयोध्या, प्रयागराज, मां विंध्यवासिनी धाम के विकास के उपरांत अब बारी इसी पुण्य भूमि की है। मथुरा, बरसाना, ब्रजभूमि के विकास के लिए कोई सीमा नहीं है। उन्होंने कहा कि वह होली के अवसर पर श्री राधारानी जी के श्रीचरणों में इसी निवेदन के साथ पहुंचे हैं। उन्होंने दिल्ली में राम भक्तों की सरकार आने का जिक्र करते हुए यमुना के संरक्षण का वादा दोहराते हुए कहा कि अब यमुना मइया भी गंगा मां की तरह निर्मल और अविरल होंगी।