श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर में हालिया आतंकी हमलों के बाद सुरक्षा बलों और जिला प्रशासन ने आतंकवाद के खिलाफ सख्त अभियान शुरू कर दिया है। पहलगाम में हुए हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान जाने के बाद कार्रवाई और तेज कर दी गई है। शनिवार को कुपवाड़ा जिले के कलारूस इलाके में लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी फारूक अहमद तड़वा का घर विस्फोट के जरिए ध्वस्त कर दिया गया। फारूक इस समय पाकिस्तान में है और वहीं से भारत में आतंकी गतिविधियों को अंजाम दे रहा है।
फारूक के घर के अलावा, अन्य आतंकवादियों के घरों को भी निशाना बनाया गया। इनमें अनंतनाग के ठोकरपोरा निवासी आदिल अहमद ठोकर, पुलवामा के मुर्रान के अहसन उल हक शेख, त्राल के आसिफ अहमद शेख, शोपियां के छोटीपोरा के शाहिद अहमद कुट्टे और कुलगाम के माटलहामा के जाहिद अहमद गनी के मकान शामिल हैं।
शुक्रवार को भी दो आतंकियों के घर गिराए गए थे, जो पहलगाम हमले में शामिल बताए जा रहे हैं। बेजबेहरा में आदिल हुसैन ठोकर के घर को आईईडी से उड़ाया गया, जबकि त्राल में आसिफ शेख के घर को बुलडोजर से ध्वस्त किया गया।
पुलिस के अनुसार, आदिल ठोकर ने पाकिस्तान से आए आतंकियों को हमले में मदद पहुंचाई थी। वह 2018 में अटारी-वाघा बॉर्डर के जरिए पाकिस्तान गया था और वहां आतंकी ट्रेनिंग ली थी। पिछले साल वह फिर से जम्मू-कश्मीर में घुसपैठ कर आया था।
अनंतनाग पुलिस ने आदिल ठोकर और दो पाकिस्तानी आतंकियों – अली भाई और हाशिम मूसा – की गिरफ्तारी पर 20 लाख रुपये का इनाम घोषित किया है। तीनों के स्केच भी जारी किए गए हैं ताकि आम लोगों से उनकी जानकारी हासिल की जा सके। इस बीच, सुरक्षा बलों ने पहलगाम और आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान और तेज कर दिया है।