नई दिल्ली. भारत-पाकिस्तान सीमा पर तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ एक बार फिर सैन्य आक्रामकता दिखाई है और अपने फतेह-1 गाइडेड मिसाइल से हमला करने की कोशिश की। हालांकि, भारतीय वायु रक्षा प्रणाली ने सतर्कता दिखाते हुए इस हमले को हवा में ही नाकाम कर दिया। यह मिसाइल भारत के पश्चिमी क्षेत्र में एक रणनीतिक ठिकाने को निशाना बनाकर दागी गई थी।
क्या है फतेह-1 मिसाइल?
फतेह-1 पाकिस्तान द्वारा विकसित एक गाइडेड मल्टीपल लॉन्च रॉकेट सिस्टम (GMLRS) है, जो लगभग 140 किलोमीटर की दूरी तक सटीक निशाना साध सकता है। यह ट्रक से लॉन्च किया जा सकने वाला मोबाइल बैलिस्टिक सिस्टम है, जिसे किसी भी प्रकार के वारहेड के साथ दागा जा सकता है। इसकी उच्च मारक क्षमता और सटीकता इसे एक खतरनाक सामरिक हथियार बनाती है।
बढ़ते सैन्य तनाव को देखते हुए पाकिस्तान ने अपने हवाई क्षेत्र को पूरी तरह से बंद कर दिया है। यह फैसला रावलपिंडी और रफीकी एयरबेस पर हुए धमाकों के बाद लिया गया है। दोपहर 12 बजे तक सभी उड़ानों पर रोक लगा दी गई है, जिससे वाणिज्यिक उड़ानों पर भी असर पड़ा है। यह कदम क्षेत्रीय सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
पाकिस्तान के बार-बार हो रहे ड्रोन और मिसाइल हमलों के मद्देनजर भारत ने भी सुरक्षात्मक कदम उठाते हुए 32 हवाई अड्डों का संचालन 14 मई तक स्थगित कर दिया है। पाकिस्तान द्वारा भारत के चार राज्यों के 26 शहरों में नागरिक क्षेत्रों को निशाना बनाते हुए किए गए सैकड़ों ड्रोन हमलों ने हालात को और गंभीर बना दिया है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में एक आपात बैठक बुलाई गई है, जिसमें चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) और तीनों सेनाओं के प्रमुख मौजूद रहेंगे। बैठक में मौजूदा हालात और आगे की रणनीति पर चर्चा की जाएगी।