न सड़क न एम्बुलेंस,बच्चों के शव को कंधे पर रख 15 किलोमीटर तक पैदल चलने मजबूर माता-पिता

By: PalPal India News
September 6, 2024

पलपल इंडिया प्रतिनिधि,महाराष्ट्र। महाराष्ट्र के गढ़चिरौली के अहेरी तालुका में हुई ऐसी घटना जो किसी भी माँ -पिता के लिए बहुत कष्टप्रद है,  मां-बाप के दोनों बच्चों की तेज बुखार के कारण एक साथ ही अस्पताल में मौत हो गई और अस्पताल में मौके पर कोई एंबुलेंस मौजूद नहीं होने के कारण मां-बाप ने दोनों बच्चों की लाश को अपने कंधे पर रख 15 किलोमीटर तक पैदल गए. इस दंपति ने बताया की दोनों बच्चों की तबियत अचानक बहुत तेज बुखार आ गया था . जिसके बाद दोनो बच्चों की मौत हो गई. इन दोनों मासूम बच्चों की उम्र महज 6 साल और 4 साल थी. इनके नाम बाजीराव और दिनेश था.

आपको बता दे यह घटना 4 सितंबर को एक सुदूर गांव पट्टीगांव में हुई. जब 6 और 4 साल के दो भाई 4 सितंबर को बुखार से बीमार पड़ गए. गांव में उचित स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी के कारण उनके माता-पिता अपने बच्चों को पारंपरिक इलाज के लिए स्थानीय पुजारी के पास ले गए. पुजारी ने कुछ जड़ी बूटियों से निर्मित दवाइयां दीं, लेकिन दोनों बच्चों की हालत तेजी से बिगड़ती गई. कुछ ही घंटों में दोनों भाई ने एक के बाद एक अपनी बीमारी से दम तोड़ दिया.

आपको बता दे पट्टीगांव को जिमलागट्टा के करीबी स्वास्थ्य केंद्र से जोड़ने वाली कोई पक्की सड़क नहीं है जिससे उस समय कोई एंबुलेंस सेवा उपलब्ध नहीं होने पाई इस कारण माता-पिता के पास अपने बच्चों के शवों को अपने कंधों पर ढोने के अलावा कोई रास्ता नहीं था. वे जलभराव वाले इलाकों और कीचड़ भरे रास्तों से 15 किलोमीटर तक पैदल चलकर जिमलागट्टा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे. जहां डॉक्टरों ने दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *