पलपल इंडिया प्रतिनिधि। भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच सोशल मीडिया पर अफवाहों और भ्रामक मैसेज की बाढ़ आ गई है। पिछले दिनों ड्रोन अटैक के नाम पर एक फर्जी एडवाइजरी शेयर की जा रही है, जिसे PIB की फैक्ट चेक टीम ने अफवाह बताया है।
भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के दौरान सोशल मीडिया पर कई तरह के अफवाह फैलाए जा रहे हैं। पाकिस्तान की तरफ से 8 और 9 मई की रात में भारत की तरफ सैकड़ों ड्रोन अटैक किए गए, जिसे भारत की एयर डिफेंस सिस्टम ने निष्क्रिय कर दिया। जिसके बाद सोशल मीडिया पर ड्रोन अटैक से जुड़ा एक मैसेज शेयर किया जा रहा है, जिसमें यूजर्स से अपने फोन की लोकेशन को बंद करने के लिए कहा जा रहा है।
PIB की फैक्ट चेक टीम ने सोशल मीडिया पर फैलाए जा रहे इस दावे को झूठा बताया है और लोगों को अफवाह से बचने के लिए कहा है। शेयर किए जाने वाले फर्जी मैसेज में यह दावा किया जा रहा है कि ड्रोन अटैक से बचने के लिए लोगों को अपने फोन की लोकेशन को बंद कर देना चाहिए। लोकेशन बंद होने की वजह से ड्रोन उन्हें ट्रैक नहीं कर पाएंगे। इस मैसेज में यह भी दावा किया जा रहा है कि लोकेशन ऑन होने से घनी आबादी वाले इलाके का पता लगाया जा सकता है। इस मैसेज में दावा किया जा रहा है,”हमें एक जरूरी ईमेल में एडवाइजरी जारी की गई है कि लोग अपने फोन की लोकेशन को ऑफ कर दें, इससे ड्रोन घनी आबादी वाले इलाकों को ट्रैक कर सकते हैं।”
PIB की फैक्ट चेक टीम ने बताया कि सरकार की तरफ से ऐसी कोई भी एडवाइजरी जारी नहीं की गई है। यह मैसेज पूरी तरह से फर्जी है। अपने X हैंडल से PIB की फैक्ट चेक टीम ने लिखा है कि सरकार की एडवाइजरी के नाम पर एक मैसेज वायरल हो रहा है, जो पूरी तरह से बेबुनियाद है। सरकार ने ऐसी कोई एडवाइजरी जारी नहीं की है। साथ ही, लोगों को पाकिस्तान समर्थित भ्रम फैलाए जाने वाले प्रोपोगेंडा से बचने की सलाह दी गई है।