भोपाल. मध्य प्रदेश के बैतूल जिले में वेस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (WCL) की कोयला खदान में एक बड़ा हादसा हो गया। खदान की छत गिरने से तीन मजदूरों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक अन्य अब भी मलबे में फंसा हुआ है। राहत और बचाव कार्य जारी है। यह दुर्घटना WCL की छतरपुर स्थित भूमिगत खदान में घटी, जो कोल इंडिया लिमिटेड की एक सहायक कंपनी है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, अचानक खदान की छत का एक हिस्सा गिर गया, जिससे चार मजदूर मलबे में दब गए। स्थानीय प्रशासन और राहत दल तुरंत मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य शुरू किया।
हादसे के बाद तुरंत दो मजदूरों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन गंभीर चोटों के कारण उनकी मौत हो गई। तीसरे मजदूर का शव बाद में बरामद किया गया। बैतूल के पुलिस अधीक्षक निश्चल झारिया ने बताया कि एक और मजदूर अभी भी लापता है और उसे सुरक्षित निकालने के लिए बचाव अभियान जारी है।
प्रशासन जुटा राहत कार्य में
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और बचाव दल मौके पर पहुंच गए। खदान में फंसे मजदूर को निकालने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, यह हादसा खदान की कमजोर संरचना के कारण हुआ हो सकता है। मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं और सुरक्षा उपायों की समीक्षा की जा रही है।
इस दर्दनाक हादसे ने कोयला खदानों में सुरक्षा मानकों पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन और WCL प्रबंधन से इस मामले में जवाबदेही तय करने की मांग उठ रही है।