नई दिल्ली: भारत एक बार फिर चक्रवाती तूफानों की दोहरी चुनौती का सामना करने जा रहा है। इस बार खतरा अरब सागर और बंगाल की खाड़ी – दोनों ओर से मंडरा रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने दो संभावित चक्रवातों को लेकर चेतावनी जारी की है, जिनके नाम क्रमश: ‘चक्रवात शक्ति’ और ‘चक्रवात नाज़ी’ रखे गए हैं।
अरब सागर में सक्रिय ‘चक्रवात शक्ति’
IMD के अनुसार, चक्रवात ‘शक्ति’ अरब सागर में तेजी से विकसित हो रहा है और यह 23 से 24 मई के बीच एक गंभीर डिप्रेशन में तब्दील हो सकता है। अगले 36 से 48 घंटों में इसके चक्रवात का रूप लेने की संभावना है। यह प्रणाली महाराष्ट्र और गोवा के तटीय इलाकों के पास बन रही ऊपरी हवाओं की चक्रवाती हलचल के कारण सक्रिय हो रही है।
इसकी वजह से महाराष्ट्र, कोंकण और गोवा में भारी से अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई गई है, साथ ही तेज हवाएं (50-60 किमी/घंटा) और समुद्र में ऊंची लहरें उठने की चेतावनी दी गई है। इन क्षेत्रों के लिए ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया गया है।
बंगाल की खाड़ी से उठेगा ‘चक्रवात नाज़ी’
वहीं, बंगाल की खाड़ी में 27 मई के आसपास एक लो प्रेशर सिस्टम विकसित होने की संभावना है, जो अगले 5 से 6 दिनों में डिप्रेशन और फिर चक्रवात ‘नाज़ी’ का रूप ले सकता है। फिलहाल इसकी गति और दिशा को लेकर पूर्ण स्पष्टता नहीं है, लेकिन ओडिशा, पश्चिम बंगाल और आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में 28 मई के बाद से भारी बारिश और समुद्री उथल-पुथल की चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।