पलपल इंडिया प्रतिनिधि। 22 अप्रैल, 2025 को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। अभिनेत्री हिना खान ने भी सोशल मीडिया के जरिए इस हमले पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई। ये रिश्ता क्या कहलाता है सिरिअल की फेम एक्ट्रेस ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक पोस्ट शेयर कर अपना दुख व्यक्त किया और इस भयावह घटना की निंदा की। इसी के साथ उन्होंने कश्मीरी होने के नाते माफी मांगी।
हिना खान ने अपने पोस्ट में लिखा- ‘शोक संवेदना। काला दिन। नम आंखें। निंदा। करुणा की पुकार। अगर हम वास्तविकता को स्वीकार करने में विफल रहते हैं तो कुछ भी मायने नहीं रखता। अगर हम वास्तव में जो हुआ उसे स्वीकार नहीं करते हैं, खासकर मुसलमानों के तौर पर तो बाकी सब बातें ही होंगी। साधारण बातें। कुछ ट्वीट और बस।’ जिस तरह से यह हमला बेरहम, अमानवीय, दिमाग से धोखा खाए आतंकवादियों ने किया, जो खुद को मुसलमान बताते हैं, वह बेहद भयावह है। मैं कल्पना भी नहीं कर सकती कि किसी मुसलमान को बंदूक की नोक पर अपना धर्म त्यागने के लिए मजबूर किया जाए और फिर भी उसे मार दिया जाए। इससे मेरा दिल टूट गया है।’ ‘ये मेरे और मेरी मेंटल हेल्थ के लिए बहुत मुश्किल है, लेकिन ये मेरे या मेरे दर्द के बारे में नहीं है। ये उन सबका दर्द है, जिन्होंने अपनों को खो दिया। ये हर भारतीय का दर्द है। मैं प्रार्थना करती हूं कि उन्हें ताकत और शांति मिले। मुझे उनसे नफरत है, जिन्होंने ये सब किया।
‘जिन्होंने ये किया वो किसी भी धर्म के अनुयायी हों, मेरे लिए वे इंसान नहीं हैं। कुछ मुस्लिमों के इस कृत्य के लिए मैं शर्मिंदा हूं। मैं अपने साथी भारतीयों से प्रार्थना करती हूं कि वे हमें अलग-थलग न करें। हम सभी जो भारत को अपना घर और मातृभूमि कहते हैं। यदि हम एक-दूसरे से लड़ने लगे तो हम वही करेंगे जो वे हमसे करवाना चाहते हैं, हमें विभाजित करना, हमें लड़ते रखना और भारतीयों के रूप में हमें ऐसा नहीं होने देना चाहिए।’ एक मुसलमान के तौर पर मैं अपने सभी साथी हिंदुओं और साथी भारतीयों से माफी मांगना चाहती हूं। पहलगाम में जो कुछ हुआ, मैं उसे भूल नहीं पा रही हूं।’
‘मैं एक भारतीय, एक मुसलमान और एक इंसान के तौर पर न्याय चाहती हूं। हम सभी को एक साथ आना चाहिए और इस कठिन समय में भारत का साथ देना चाहिए। उन्हें वो नहीं देना चाहिए जो वो चाहते हैं.. हमें एक व्यक्ति के तौर पर एक साथ आना चाहिए। कोई राजनीति नहीं। कोई विभाजन नहीं। कोई नफरत नहीं। चाहे कुछ भी हो। हम सबसे पहले भारतीय हैं। जय हिंद।’