तिराना टूर्नामेंट से बाहर हो सकते हैं भारतीय पहलवान

By: PalPal India News
February 15, 2025

भारतीय पहलवानों के लिए अल्बानिया में होने वाली दूसरी रैंकिंग सीरीज में हिस्सा लेना मुश्किल हो सकता है, क्योंकि खेल मंत्रालय ने उनकी भागीदारी को मंजूरी नहीं दी है। मंत्रालय का कहना है कि भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) ने समय पर आवश्यक अनुशंसा जमा नहीं की, जबकि महासंघ ने इस दावे को खारिज कर दिया है। मंत्रालय और निलंबित WFI के बीच जारी विवाद के कारण भारतीय पहलवान इससे पहले भी क्रोएशिया के जगरेब में हुई पहली रैंकिंग सीरीज में भाग नहीं ले सके थे। अब, दूसरी रैंकिंग सीरीज 26 फरवरी से 2 मार्च तक अल्बानिया में होने वाली है, लेकिन इसमें भी भारतीय पहलवानों के शामिल होने पर संशय बना हुआ है।

खेल मंत्रालय ने दिसंबर 2023 में भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) को निलंबित कर दिया था, हालांकि अंतरराष्ट्रीय कुश्ती महासंघ (UWW) ने उसे मान्यता दी हुई है। WFI ने 30 जनवरी को भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) को अनुशंसा भेजी थी, लेकिन मंत्रालय के एक सूत्र ने बताया, “डब्ल्यूएफआई ने ऐन मौके पर प्रस्ताव भेजा और नामांकन में भी देर की, इसलिए मंजूरी नहीं मिल सकी।”

वहीं, WFI के एक अधिकारी ने कहा, “हमने 30 जनवरी को प्रस्ताव भेजा था और अगले ही दिन जवाब भी मिल गया था। SAI ने हमसे बैठक का विवरण मांगा, जिसे हमने तुरंत उपलब्ध करा दिया, लेकिन इसके बाद कोई जवाब नहीं मिला। इससे पहले भी इतने ही समय में भेजे गए प्रस्ताव मंजूर हुए हैं, तो इस बार इसे देर से भेजा हुआ क्यों माना जा रहा है?”

SAI के एक अधिकारी ने सफाई देते हुए कहा, “हम अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों के लिए खिलाड़ियों को मंजूरी देने के लिए हमेशा तैयार रहते हैं, लेकिन प्रक्रिया का पालन करना जरूरी होता है। सबसे बड़ी समस्या यह है कि इस बार टीम चयन की प्रक्रिया स्पष्ट नहीं है, क्योंकि WFI ने कोई ट्रायल आयोजित नहीं किए थे।” WFI ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “हम निलंबन के कारण ट्रायल आयोजित नहीं कर सकते। अगर हम ऐसा करते हैं, तो सत्यव्रत कादियान जैसे पहलवान हमें अदालत में घसीट सकते हैं, यह कहते हुए कि हम अदालत की अवमानना कर रहे हैं। ऐसी स्थिति में हम क्या करें?”

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