मुंबई: मुंबईवासियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है! करीब तीन दशक के लंबे इंतजार के बाद शहर को एक नया रेल टर्मिनस मिलने जा रहा है। जोगेश्वरी में बन रहा यह टर्मिनस इस साल के अंत तक तैयार होकर उद्घाटन के लिए तैयार हो सकता है। इसके शुरू होने से बांद्रा, दादर, और मुंबई सेंट्रल जैसे व्यस्त टर्मिनलों पर यात्री भार में काफी कमी आएगी।
मुंबई में पिछली बार 1991 में कुर्ला लोकमान्य तिलक टर्मिनस (LTT) का निर्माण हुआ था। तब से अब तक कोई नया टर्मिनस नहीं बना, हालांकि पनवेल और दादर (वेस्टर्न) को मेल/एक्सप्रेस टर्मिनस के रूप में अपग्रेड जरूर किया गया।
निर्माण लागत: ₹76.84 करोड़
प्लेटफॉर्म: 3 (प्रत्येक 600 मीटर लंबा)
पहले चरण में प्लेटफॉर्म 2 और 3 चालू होंगे
प्लेटफॉर्म 1 बाद में खोला जाएगा
ट्रेन संचालन क्षमता:
24 कोच वाली ट्रेनें
प्रतिदिन 12 जोड़ी मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन
अतिरिक्त व्यवस्थाएं:
दो ट्रेन पार्किंग बर्थ
एक अतिरिक्त शंटिंग लाइन
ट्रेन वॉटरिंग सुविधा
ग्राउंड+2 ऑपरेशनल बिल्डिंग – जिसमें रिले रूम और कंट्रोल यूनिट शामिल होंगी
6 मीटर चौड़ी फ्लाईओवर रोड – जो टर्मिनस को राम मंदिर स्टेशन से जोड़ेगी
12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज – सभी प्लेटफॉर्म्स को जोड़ेगा
लिफ्ट और एस्केलेटर – वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांग यात्रियों के लिए सुविधा
ग्राउंड+3 पैसेंजर स्टेशन भवन –
वातानुकूलित वीआईपी वेटिंग एरिया
सामान्य प्रतीक्षालय
शौचालय, मोबाइल चार्जिंग पॉइंट और पैंट्री
चार AC और चार नॉन-AC डबल बेड रूम
इस टर्मिनस के चालू हो जाने से मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों के लिए एक नया विकल्प तैयार होगा, जिससे यात्रियों की भीड़ और ट्रैफिक का दबाव अन्य प्रमुख स्टेशनों से कम होगा। यह टर्मिनस न केवल ट्रैफिक वितरण में मदद करेगा, बल्कि यात्रियों को बेहतर सुविधाएं और आरामदायक यात्रा का अनुभव भी प्रदान करेगा।