पलपल इंडिया प्रतिनिधि। न्यायमूर्ति संगीता चंद्रा और न्यायमूर्ति बृज राज सिंह की खंडपीठ ने कहा कि उन्हें गाने के बोलों या फिल्म के ट्रेलर या टीज़र में ‘कुछ भी आपत्तिजनक’ नहीं मिला। अदालत ने कहा, ‘हमें ऐसा कोई आपत्तिजनक मामला नहीं मिला जिससे इस न्यायालय को हस्तक्षेप करना पड़े। हमने ‘भाई वकील है’ गाने के बोलों का भी अध्ययन किया है और हमें ऐसा कुछ भी नहीं मिला जिससे वास्तविक वकीलों के कानूनी पेशे में बाधा उत्पन्न हो।’ अक्षय कुमार और अरशद वारसी की अपकमिंग फिल्म जॉली एलएलबी 3 को बड़ी राहत देते हुए, इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने बुधवार को फिल्म के गाने ‘भाई वकील है’ के खिलाफ कार्रवाई और न्यायपालिका व कानूनी पेशे को कथित रूप से बदनाम करने के आरोप में इसकी रिलीज पर रोक लगाने की मांग वाली याचिका खारिज कर दिया। इसलिए अदालत ने बिना कोई जुर्माना लगाए याचिका खारिज कर दी।
जॉली एलएलबी 3 पर पुणे में एक और मुकदमा
20 अगस्त को पुणे की एक अदालत ने बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार और अरशद वारसी को उनकी फिल्म जॉली एलएलबी के संबंध में नोटिस जारी किए। ये नोटिस वकील वाजिद खान बिडकर द्वारा दायर एक शिकायत के बाद जारी किए गए, जिसमें दावा किया गया था कि फिल्म न्याय व्यवस्था और अदालती कार्यवाही का मजाक उड़ाती है। अपनी याचिका में बिडकर ने तर्क दिया कि जॉली एलएलबी 3 कानूनी पेशे को अपमानजनक तरीके से चित्रित करती है और न्यायपालिका का अपमान करती है। उन्होंने फिल्म के एक दृश्य पर भी आपत्ति जताई जिसमें न्यायाधीशों को मामू (एक बोलचाल का शब्द) कहा गया है। अदालत ने अक्षय कुमार और अरशद वारसी को 28 सितंबर को अदालत में पेश होने को कहा है।